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GK Library पर हर तरह की रोचक और ज़रूरी जानकारियां हिंदी में सरल व सुव्यवस्थित तरीके से प्राप्त होंगी

GK Libeary एक हिंदी फेसबुक पेज है जिसमें हर तरह की रोचक जानकारियां हिंदी में और सरल तरीके से दी जाती है इसकी स्थापना 24 जून 2016 को की गई थी

10/05/2026

माँ (Mother)
* दुनिया में मां बनना सबसे कठिन कामों में से एक है
* पुरी दुनिया मे करीब 2 अरब माँ है।
* हर साल मई के दूसरे रविवार मदर्स डे मनाया जाता है
* दुनिया के 94 देशों में मदर्स डे मई के दूसरे रविवार को ही मनाया जाता है मगर कई देशों में यह अलग अलग समय पर मनाया जाता है
* पढ़ी लिखी महिलाओ की तुलना मे कम पढ़ी लिखी महिला ज्यादा बच्चे जन्म देती है।
* अपने पहले बच्चे की देखभाल के लिए भारत की करीब 30% माताऐ नौकरी छोड़ देती है जबकि 20% अपनी पुरी करियर ही छोड़ देती है।
* दुनिया मे माँ बनने की औसत आयु 26.3 वर्ष है।
* हर हफ्ते माँ औसतन 14 घंटे केवल खाना बनाने मे बीता देती है।
* हर 90 सेकंड मे एक महिला की मौत माँ बनते समय होती है।
* अमेरिका मे 40% महिलाऐ शादी से पहले ही माँ बनती है।
* बच्चे को जन्म देते समय माँ को एक साथ 20 हड्डियाँ टूटने के बराबर दर्द होता है
* नाइजर का शिशु जन्मदर सबसे आगे है यहाँ की महिलाएँ औसतन 7 बच्चो को जन्म देती है जो दुनिया मे सबसे ज्यादा है।
* माँ बनने वाली सबसे छोटी महिला की लंबाई मात्र 2 फुट 4 इंच थी।
* सबसे कम उम्र मे माँ बनने का रिकार्ड पेरु की लीना मेडीना के नाम है जो 1939 मे 5 साल 7 महीने और 21 दिन पर बनी थी।
* सबसे ज्यादा उम्र मे (72 साल मेँ) बच्चे पैदा करने वाली महिला ओँकारी पवार थी।
* सबसे ज्यादा बच्चे पैदा करने का रिकार्ड रुस की महिला के नाम है जिसने 69 बच्चो को जन्म दिया।
* 2 बच्चो के जन्म के बीच सबसे कम समय का रिकार्ड है 6 महीने 10 दिन का है।
* मदर्स डे पर करीब 68% लोग अपनी मां को फोन करते हैं
* हर हफ्ते औसतन 14 घंटे मां हमारे लिए खाना बनाने में बिता देती है
* क्रिसमस डे के बाद मदर्स डे पर ही सबसे अधिक फूल और पौधे खरीदे जाते हैं
* मां जितने घरेलू काम करती है अगर उसे किसी और से कराया जाए तो हर साल करीब 4200000 रुपए देने पड़ेंगे
* दुनिया भर में हर सेकंड 4 बच्चे जन्म लेते हैं
* मां को उपहार देने के लिए बेटियां करीब ₹14000 खर्च करती है जबकि बेटे केवल 9000
* पहला मदर्स डे 10 मई 1908 को मनाया गया था
* Facebook पर करीब 48% यूज़र अपनी मां के साथ फ्रेंड है
* मदर्स डे दुनिया में तीसरी सबसे पॉपुलर छुट्टी का दिन है
* दुनिया के अधिकतर भाषाओं में मां का उच्चारण अंग्रेजी के 'M' अक्षर से ही शुरू होता है
* हथिनी धरती पर सबसे बड़े बच्चे को जन्म देती है

10/05/2026

मातृ दिवस (Mother's day)
* हर साल मई महीने के दूसरे रविवार को मदर्स डे मनाया जाता है
* मां ईश्वर द्वारा बनाई गई ऐसी कृति है जो मरते दम तक निस्वार्थ भाव से बच्चे पर प्यार लुटाती है
* मदर्स डे बच्चों के लिए बहुत खास दिन होता है और इस दिन को बच्चे अलग-अलग तरह से अपनी मां के साथ मनाते हैं
● मदर्स डे का इतिहास
* मदर्स डे की शुरुआत 1908 में अमेरिका से हुई थी
* अमेरिका के वर्जीनिया में रहने वाली एना ने अपनी मां के प्रेम और समर्पण को देखते हुए इस दिन की शुरुआत की थी
* ऐसा कहा जाता है कि एना की मां ने उसे बड़े जतन से पाला पोसा था। अपनी मां के समर्पण से वह बहुत प्रभावित हुईं और मां से बेहद प्यार करने लगीं
* उस दौरान एना ने प्रतिज्ञा की थी कि वह कभी शादी नहीं करेंगी और मां की सेवा उसी भाव से करेंगी, जैसा उसकी मां करती हैं
* काफी समय के बाद एना की मां का निधन हो गया। इसके बाद अमेरिका में गृहयुद्ध के दौरान एना ने घायल हुए सैनिकों की देखभाल मां के रूप में की
* एना अपनी मां को सम्मान देना चाहती थीं, इसलिए वो एक ऐसे दिन की तलाश कर रहीं थीं, जिस दिन दुनिया की सभी माओं को सम्मान मिल सके
* इसके बाद एना ने मां के प्रति सम्मान के लिए 'मदर्स डे' की शुरुआत की। इसे लेकर उन्होंने अमेरिकी कांग्रेस को प्रस्ताव दिया, जो खारिज कर दिया गया
* इसके बाद 1911 में प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया, जिसके फलस्वरूप अमेरिका के राष्ट्रपति ने 'मदर्स डे' मनाने की घोषणा की
* 1912 में एना जॉर्विस ने सेकंड संडे इन मई फॉर 'मदर्स डे' को ट्रेडमार्क बनाया और मदर डे इंटरनेशनल एसोसिएशन का गठन किया
* कुछ विद्वानों का दावा है कि मां के प्रति सम्मान यानी मां की पूजा का रिवाज पुराने ग्रीस से आरंभ हुआ है। कहा जाता है कि स्य्बेले ग्रीक देवताओं की मां थीं, उनके सम्मान में यह दिन मनाया जाता था
* यह दिन त्योहार की तरह मनाने की प्रथा थी। एशिया माइनर के आस-पास और साथ ही साथ रोम में भी वसंत के आस-पास इदेस ऑफ मार्च 15 मार्च से 18 मार्च तक मनाया जाता था।
* गूगल से जानकारी ढूंढने जाएं तो मदर्स डे के दो प्राथमिक परिणाम सामने आते हैं, वो है,लेंट में मदरिंग संडे, ब्रिटिश कैलेंडर के चौथे संडे के रूप में और मई के दूसरे संडे के रूप में
* बाद में यह तारीखें कुछ इस तरह बदली कि विभिन्न देशों में प्रचलित धर्मों की देवी के जन्मदिन या पुण्य दिवस को ही इस दिवस के रूप में मनाया जाने लगा
* वैसे कुछ देश 8 मार्च वूमेंस डे को ही मदर्स डे के रूप में मनाते हैं
● मदर्स डे का महत्व
* मां के बलिदान और निस्वार्थ प्रेम के प्रति आभार प्रकट करने के लिए ' मदर्स डे ' मनाया जाता है
* बच्चे इस खास दिन अपनी मां को स्पेशल महसू कराने के लिए तमाम करह की तैयारियां करते हैं
* अपनी मां को प्यार जताने के लिए बच्चे गिफ्ट्स , कार्ड्स देते हैं और लंच व डिनर के लिए बाहर ले जाते हैं
* चीन में मातृ दिवस बेहद लोकप्रिय है

09/05/2026

मुख्यमंत्री पश्चिम बंगाल
* पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री पश्चिम बंगाल सरकार की कार्यकारी शाखा के वास्तविक प्रमुख हैं , जो भारतीय राज्य पश्चिम बंगाल का उप-राष्ट्रीय प्राधिकरण है।
* मुख्यमंत्री मंत्रिपरिषद के प्रमुख होते हैं और मंत्रियों की नियुक्ति के संबंध में राज्यपाल को सलाह देते हैं।
* मंत्रिपरिषद के साथ मिलकर मुख्यमंत्री राज्य में कार्यकारी अधिकार का प्रयोग करते हैं।
* राज्यपाल मुख्यमंत्री की नियुक्ति करते हैं, जिनकी मंत्रिपरिषद सामूहिक रूप से पश्चिम बंगाल विधान सभा के प्रति उत्तरदायी होती है ।
* मुख्यमंत्री विधान सभा में सदन के नेता के रूप में भी कार्य करते हैं।
* 17 अगस्त 1947 को, पूर्व ब्रिटिश भारतीय प्रांत बंगाल का विभाजन पाकिस्तान के पूर्वी बंगाल प्रांत और भारत के पश्चिम बंगाल राज्य में हुआ । तब से पश्चिम बंगाल में आठ मुख्यमंत्री हुए हैं।
* भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) के प्रफुल्ल चंद्र घोष मुख्यमंत्री पद के औपचारिक रूप से अस्तित्व में आने से पहले राज्य के पहले प्रधानमंत्री बने।
* 26 जनवरी 1950 को भारत के संविधान को अपनाने के बाद , डॉ. बिधान चंद्र राय पश्चिम बंगाल के पहले मुख्यमंत्री बने।
* 1967 से 1972 के बीच राजनीतिक अस्थिरता का दौर चला, जिसके दौरान राज्य में तीन विधानसभा चुनाव, चार गठबंधन सरकारें और तीन बार राष्ट्रपति शासन हुआ ।
* इसके बाद, INC के सिद्धार्थ शंकर राय इस दौर के बाद पूरे पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले पहले मुख्यमंत्री बने।
* 1977 के विधानसभा चुनाव में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के नेतृत्व वाले वाम मोर्चे की जीत ने पश्चिम बंगाल में 34 वर्षों के वाम मोर्चे के शासन की शुरुआत की।
* ज्योति बसु ने 23 वर्षों से अधिक समय तक लगातार मुख्यमंत्री के रूप में कार्य किया, जो उस समय भारत में किसी भी मुख्यमंत्री द्वारा सबसे लंबा निर्बाध कार्यकाल था। उनका यह रिकॉर्ड 2018 में सिक्किम के पवन कुमार चामलिंग ने तोड़ दिया।
* बसु के बाद बुद्धदेव भट्टाचार्य मुख्यमंत्री बने , जिनके नेतृत्व में वाम मोर्चा 2011 तक सत्ता में रहा।
* 2011 के विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस ने वाम मोर्चा को हराकर राज्य में उसके 34 साल के शासन का अंत किया।
* वाम मोर्चा दुनिया की सबसे लंबे समय तक चलने वाली लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई कम्युनिस्ट सरकारों में से एक थी।
* पार्टी की नेता ममता बनर्जी ने 20 मई 2011 को पश्चिम बंगाल की पहली महिला मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। बाद में वे 2016 और 2021 के विधानसभा चुनावों में भी पुनः निर्वाचित हुईं ।
* 2026 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने विधानसभा में बहुमत हासिल किया, जिससे तृणमूल कांग्रेस का 15 साल का शासन समाप्त हो गया।
* नए मुख्यमंत्री के रूप में सुवेंदु अधिकारी 9 मई 2026 को शपथ लिए वह भाजपा के पश्चिम बंगाल में पहले मुख्यमंत्री है।
* मुख्यमंत्री का कार्यकाल पांच वर्ष का होता है और राज्य के राज्यपाल उन्हें शपथ दिलाते हैं।

मुख्यमंत्रियों के नाम
> डॉ. बिधान चंद्र रॉय 26.01.1950 01.07.1962
> श्री प्रफुल्ल चंद्र सेन (अभिनय) 02.07.1962 28.02.1967
> श्री अजय कुमार मुखोपाध्याय 01.03.1967 21.11.1967
> डॉ. प्रफुल्ला चंद्र घोष 21.11.1967 19.02.1968
> राष्ट्रपति शासन
> श्री अजय कुमार मुखोपाध्याय 25.02.1969 30.07.1970
> राष्ट्रपति शासन
> श्री अजय कुमार मुखोपाध्याय 02.04.1971 25.06.1971
> राष्ट्रपति शासन
> श्री सिद्धार्थ शंकर राय 20.03.1972 30.04.1977
> राष्ट्रपति शासन
> श्री ज्योति बसु 21.06.1977 05.11.2000
> श्री बुद्धदेव भट्टाचार्य 06.11.2000 19.05.2011
> श्रीमती ममता बनर्जी 20.05.2011 07.05.2026
> श्री सुवेंदु अधिकारी 09.05.2026 आज तक

09/05/2026

मुख्यमंत्री (chief minister)
* जिस प्रकार संघ की मंत्रीपरिषद का प्रधान भारत का प्रधानमंत्री होता है, उसी प्रकार राज्य की मंत्रिपरिषद का प्रधान एक मुख्यमंत्री होता है
* मुख्यमंत्री भारतीय राज्य की कार्यपालिका का वास्तविक प्रधान होता है
* वह राज्य विधानसभा का नेता होता है
* मुख्यमंत्री की नियुक्ति राज्यपाल के द्वारा संविधान के अनुच्छेद 163 के तहत की जाती है
* विधानसभा में बहुमत प्राप्त नेता को मुख्यमंत्री पद पर नियुक्त करना राज्यपाल की संवैधानिक बाध्यता है
* मुख्यमंत्री पद के लिए संविधान में कोई योग्यता विहित नहीं की गयी है, लेकिन मुख्यमंत्री के लिए यह आवश्यक है कि वह राज्य विधानसभा का सदस्य हो
* 21 सितम्बर, 2001 को उच्चतम न्यायालय के एक निर्णय के अनुसार किसी सज़ायाफ़्ता को मुख्यमंत्री पद के लिए अयोग्य माना जाएगा
* मुख्यमंत्री राज्य के शासन का वास्तविक अध्यक्ष है और इस रूप में वह अपने मंत्रियों तथा संसदीय सचिवों के चयन, उनके विभागों के वितरण तथा पदमुक्ति और लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष तथा अन्य सदस्यों एवं महाधिवक्ता और अन्य महत्त्वपूर्ण पदाधिकारियों की नियुक्ति के लिए राज्यपाल को परामर्श देता है
* राज्य में असैनिक पदाधिकारियों के स्थानान्तरण के आदेश मुख्यमंत्री के आदेश पर जारी किये जाते है
* वह राज्य की नीति से सम्बन्धित विषयों के सम्बन्ध में निर्णय करता है
* वह राष्ट्रीय विकास परिषद में राज्य का प्रतिनिधित्व करता है
* मुख्यमंत्री परिषद की बैठक की अध्यक्षता करता है तथा सामूहिक उत्तरदायित्व के सिद्धान्त का पालन करता है
* यदि मंत्रिपरिषद का कोई सदस्य मंत्रिपरिषद की नीतियों से भिन्न मत रखता है, तो मुख्यमंत्री उसे त्यागपत्र देने के लिए कहता है या राज्यपाल उसे बर्ख़ास्त करने की सिफ़ारिश कर सकता है
* वह राज्यपाल को राज्य के प्रशासन तथा विधायन सम्बन्धी सभी प्रस्तावों की जानकारी देता है
* यदि मंत्रिपरिषद के किसी सदस्य ने किसी विषय पर अकेले निर्णय लिया है, तो राज्यपाल के कहने पर उस निर्णय को मंत्रिपरिषद के समक्ष विचारार्थ रख सकता है
* वह राज्यपाल को विधानसभा भंग करने की सलाह देता है
* मंत्रियों को राज्य के विधानमंडल द्वारा निर्मित विधि के अनुसार वेतन, भत्ते आदि मिलते हैं
* मुख्यमंत्री का कार्यकाल तब तक रहता है, जब तक उसे विधानसभा का विश्वास मत प्राप्त रहता है
* राज्यपाल अनुच्छेद 356 के अधीन राष्ट्रपति को मुख्यमंत्री को बर्खास्त करने तथा राष्ट्रपति शासन का अपील कर सकता है
* जब मुख्यमंत्री के विरुद्ध राज्य विधानसभा में प्रस्ताव पारित हो जाए और मुख्यमंत्री त्यागपत्र देने से इन्कार कर दे, तब राज्यपाल मुख्यमंत्री को बर्ख़ास्त कर सकता है
* राज्यपाल मुख्यमंत्री की नियुक्ति करता है और मुख्यमंत्री की सलाह पर वह मंत्रिपरिषद के अन्य सदस्यों की नियुक्ति करता है
* मुख्यमंत्री के त्यागपत्र देने या बर्ख़ास्त होने से मंत्रिपरिषद का स्वत: ही विघटन हो जाता है

09/05/2026

शुभेंदु अधिकारी
* सुवेंदु अधिकारी एक भारतीय राजनीतिज्ञ हैं जो 9 मई 2026 से पश्चिम बंगाल के 9वें मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार संभालेंगे।
* उन्होंने 9 मई 2026 तक विपक्ष के नेता और भारतीय जनता पार्टी की पश्चिम बंगाल इकाई के नेता के रूप में भी कार्य किया ।
* अधिकारी ने इससे पहले 2016 से 2020 तक पश्चिम बंगाल सरकार के राज्य मंत्रालय में काम किया।
* वे 2016, 2021 में नंदीग्राम से और वर्तमान में 2026 से भाबनीपुर से विधायक चुने गए।
* इससे पहले वे 2005 में कांथी दक्षिण से और 2009 और 2014 में तमलुक से सांसद चुने गए थे।
* इससे पहले वे पश्चिम बंगाल सरकार में 2016 से 2020 तक परिवहन मंत्री और 2018 से 2020 तक सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री के रूप में कार्यरत रहे ।
* वे 2009 से 2016 तक तामलुक से लोकसभा सदस्य और 2020 से 2021 तक जूट कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष भी रहे ।
* वे 1998 से 2020 तक तृणमूल कांग्रेस और 1995 से 1998 तक भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सदस्य रहे।
* वे सांसद और मनमोहन सिंह सरकार में ग्रामीण विकास राज्य मंत्री रह चुके सिसिर अधिकारी के पुत्र हैं
* अधिकारी का जन्म 15 दिसंबर 1970 को पश्चिम बंगाल के पूर्वी मेदिनीपुर जिले के करकुली में एक बंगाली ब्राह्मण परिवार में हुआ था।
* उनके माता-पिता सिसिर अधिकारी और गायत्री अधिकारी थे।
* सिसिर अधिकारी एक राजनीतिज्ञ हैं और मनमोहन सिंह के दूसरे कार्यकाल में पूर्व राज्य मंत्री रह चुके हैं। उन्हें 2019 में कांथी निर्वाचन क्षेत्र से लोकसभा के लिए चुना गया था।
* अधिकारी अविवाहित हैं।
* अधिकारी ने वर्ष 2011 में रवींद्र भारती विश्वविद्यालय से कला स्नातकोत्तर की उपाधि प्राप्त की
* अधिकारी को पहली बार 1995 में कांथी नगरपालिका में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से पार्षद के रूप में चुना गया था।
* 2006 में, अधिकारी कांथी दक्षिण निर्वाचन क्षेत्र से पश्चिम बंगाल विधान सभा के लिए चुने गए । वे उसी वर्ष कांथी नगरपालिका के अध्यक्ष भी बने।

04/05/2026

विजय थलपति
* तमिल सिनेमा के सबसे बड़े सितारे और अब राजनीति के मैदान में मुख्यमंत्री पद की ओर कदम बढ़ा रहे थलपति विजय एक अभिनेता और राजनेता हैं।
* फिल्मी पर्दे पर राज करने के बाद विजय ने राजनीति में कदम रखा और अपनी पार्टी 'तमिलगा वेत्री कड़गम' (TVK) का गठन किया.
* मौजूदा चुनावी रुझान और जनता के भारी समर्थन को देखते हुए यह लगभग तय माना जा रहा है कि वह तमिलनाडु की सत्ता की कमान संभालने जा रहे हैं।
* चंद्रशेखरन जोसेफ विजय एक भारतीय अभिनेता और राजनीतिज्ञ हैं जो तमिल सिनेमा में काम करते हैं ।
* तीन दशकों से अधिक के अपने करियर में, उन्होंने 69 फिल्मों में मुख्य भूमिका निभाई है और भारत में सबसे अधिक कमाई करने वाले अभिनेताओं में से एक हैं।
* वे उद्योग के सबसे व्यावसायिक रूप से सफल अभिनेताओं में से एक हैं, जिनकी कई फिल्में सबसे अधिक कमाई करने वाली तमिल फिल्मों की सूची में शामिल हैं ।
* उन्होंने एक अभिनेता के रूप में कई पुरस्कार जीते हैं। "थलपति" ( तमिल में "कमांडर") के रूप में जाने जाने वाले , उनके प्रशंसकों की संख्या काफी अधिक है।
* विजय ने तमिल फिल्म वेट्री (1984) में एक बाल कलाकार के रूप में अपनी शुरुआत की ।
* अपने पिता द्वारा निर्देशित कुछ फिल्मों में बाल कलाकार के रूप में अभिनय करने के बाद, उन्होंने 18 साल की उम्र में फिल्म नालैया थीरपू (1992) में अपनी पहली मुख्य भूमिका निभाई।
* उन्होंने व्यावसायिक रूप से सफल एक्शन फिल्मों थिरुमलई (2003) और घिल्ली (2004) में अभिनय किया और रोमांटिक फिल्मों से हटकर एक नई शैली अपनाई।
* कुछ समय की औसत सफलता के बाद, विजय ने 2010 के दशक की शुरुआत से कई समीक्षकों और व्यावसायिक रूप से सफल फिल्मों में अभिनय किया, जिनमें थुप्पक्की (2012), कथ्थी (2014), मर्सल (2017), सरकार (2018), मास्टर (2021), बीस्ट (2022), लियो (2023) और द ग्रेटेस्ट ऑफ ऑल टाइम (2024) शामिल हैं।
* फरवरी 2024 में, विजय ने फिल्मों से संन्यास लेने और अपनी राजनीतिक पार्टी तमिलगा वेट्ट्री कज़गम की शुरुआत के साथ राजनीति में प्रवेश करने की घोषणा की।
* चंद्रशेखरन जोसेफ विजय का जन्म 22 जून 1974 को मद्रास , तमिलनाडु में हुआ था।
* उनके पिता, एस.ए. चंद्रशेखर , एक फिल्म निर्देशक हैं और उनकी माता, शोभा चंद्रशेखर , एक पार्श्व गायिका और गायिका हैं।
* उनके पिता ईसाई हैं और उनकी माता हिंदू हैं ।
* विजय की एक बहन, विद्या थी, जिनकी दो साल की उम्र में मृत्यु हो गई थी।
* विजय ने अपनी प्रारंभिक स्कूली शिक्षा फातिमा स्कूल, कोडंबक्कम और बाद में बालालोक स्कूल, विरुगंबक्कम से की ।
* उन्होंने लोयोला कॉलेज से विजुअल कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने का प्रयास किया , लेकिन अभिनय करियर पर ध्यान केंद्रित करने के लिए उन्होंने पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी।

15/04/2026

सम्राट चौधरी
* सम्राट चौधरी एक भारतीय राजनीतिज्ञ हैं जो बिहार के नए मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं।
* वे 2025 से तारापुर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हुए बिहार विधानसभा के सदस्य रहे हैं और इससे पहले 2024 से 2026 तक नीतीश कुमार सरकार में बिहार के उपमुख्यमंत्री के रूप में कार्य कर चुके हैं ।
* चौधरी बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में सेवा करने वाले पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सदस्य हैं।
* वे पहले राष्ट्रीय जनता दल और जनता दल (यूनाइटेड) से जुड़े थे ।
* चौधरी 2014 से 2016 तक और फिर 2020 से 2025 तक बिहार विधान परिषद के सदस्य भी रहे।
* इसके अलावा, उन्होंने पहले 2000 से 2004 तक और फिर 2010 से 2014 तक बिहार विधानसभा में परबत्ता का प्रतिनिधित्व किया और मार्च 2023 से 25 जुलाई 2024 तक भाजपा बिहार राज्य इकाई के पार्टी अध्यक्ष के रूप में कार्य किया।
* 2022 में, उन्हें बिहार विधान परिषद में विपक्ष के नेता के रूप में चुना गया
* सम्राट चौधरी का जन्म 16 नवंबर 1968 को मुंगेर के लखनपुर गांव में हुआ था ।
* उनकी माता पार्वती देवी और पिता शकुनी चौधरी दोनों बिहारी राजनीतिज्ञ थे।
* प्रारंभिक शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने मदुरै कामराज विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा प्राप्त की । हालांकि उनकी शैक्षणिक योग्यता सार्वजनिक विवाद का विषय रही है।
* चौधरी कोइरी कुशवाहा जाति से संबंध रखते हैं और भाजपा के ओबीसी चेहरे रहे हैं।
* चौधरी का विवाह ममता कुमारी से हुआ है; उनके एक पुत्र और एक पुत्री हैं। उन्हें राकेश कुमार के नाम से भी जाना जाता है ।
* चौधरी 1990 के दशक के आरंभ से ही राजनीति में सक्रिय थे और 19 मई 1999 को उन्होंने राबड़ी देवी की सरकार में बागवानी, वजन और माप मंत्री के रूप में शपथ ली । हालांकि, उस समय कम उम्र होने के कारण उनकी अयोग्यता के आरोपों के चलते उन्हें 16 नवंबर 1999 को पद से हटा दिया गया।
* इसके बाद, 2000 के चुनावों में वे आरजेडी के सदस्य के रूप में परबत्ता निर्वाचन क्षेत्र से बिहार विधानसभा के लिए चुने गए ।
* 2010 में वे फिर से उसी सीट से चुने गए । और उन्हें बिहार विधानसभा में विपक्ष का मुख्य सचेतक बनाया गया।
* बाद में वे जेडीयू में शामिल हो गए और जीतन राम मांझी की सरकार में मंत्रिमंडल मंत्री के रूप में कार्य किया।
* 2 जून 2014 को उन्होंने शहरी विकास और आवास विभाग के मंत्री के रूप में शपथ ली और कार्यभार संभाला।
* 2014 से 2016 तक, और फिर 2020 से 2025 तक, उन्होंने बिहार विधान परिषद में एमएलसी के रूप में कार्य किया।
* 2018 में, 2017 में पार्टी में शामिल होने के बाद उन्हें भाजपा की बिहार राज्य इकाई का उपाध्यक्ष बनाया गया।
* 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान वे और भी प्रमुखता से उभरे , जब चौधरी को भाजपा के राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन के लिए एक स्टार प्रचारक बनाया गया
* जनवरी 2024 में, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इंडिया अलायंस से इस्तीफा दे दिया और भाजपा के एनडीए अलायंस के साथ सरकार बनाई। नई सरकार में, चौधरी खेल, वित्त और उपमुख्यमंत्री बने
* चौधरी ने नीतीश कुमार की दसवीं सरकार में गृह मंत्रालय का कार्यभार भी संभाला।

14/04/2026

बैसाखी (पर्व)
* अनेकता में एकता की मिशल पेश करने वाला भारत एक अनोखा देश है यहाँ पर विभिन्न धर्मों और सम्प्रदायों के लोगों के निवास के कारण लगभग हर महीने ही कोई ना कोई त्यौहार मनाया जाता है
* हिंदी/हिन्दू महीनों के नाम में पहला महीना चैत्र का और दूसरा बैसाख का आता है
* चैत्र माह में फसल कटाई का काम शुरू होता है और बैशाख तक पूरा हो जाता है अर्थात बैशाख में फसल किसानों के घर आ जाती है इसलिए बैसाखी, कृषि का पर्व भी कहा जाता है
* इसे पंजाब और हरियाणा के किसान फसल कटाई के बाद मनाते हैं हालाँकि इसे देश के अन्य हिस्सों में भी मनाया जाता है
* औरंगजेब के शासन के दौरान सिख और अन्य समुदायों पर बहुत जुल्म हुए और उनको धर्म परिवर्तन के लिए बुरी तरह से प्रताड़ित किया गया था
* गुरु तेग बहादुर ने हिंदू कश्मीरी पंडितों और गैर-मुस्लिमों के जबरन धर्म परिवर्तन का विरोध किया और खुद इस्लाम ग्रहण करने से इंकार कर दिया था जिसके कारण 1675 में मुगल बादशाह औरंगजेब के आदेश पर सार्वजनिक रूप से उनकी हत्या कर दी गई थी
* इसके बाद गुरु गोविन्द सिंह जी ने शिष्यों को एकत्र कर 13 अप्रैल 1699 को बैसाखी के दिन ही श्री केसरगढ़ साहिब आनंदपुर में खालसा पंथ की स्थापना की जिसका मकसद था धर्म और भलाई के लिए सिख समुदाय को हमेशा तैयार रखना
* बैसाखी पर्व को मेष संक्राति के नाम से भी जाना जाता है क्योंकि इस दिन सूर्य मेष राशि में प्रवेश करता है
* आम तौर पर बैसाखी पर्व 13 अप्रैल को मनाया जाता है लेकिन 36 सालों में एक बार ऐसा संयोग होता है जब यह पर्व 14 अप्रैल को मनाया जाता है
* पहेला बैशाख या बंगला नोबोबोरशो बंगाली कैलेंडर का पहला दिन होता है
* बंगाल में इस दिन से ही फसल की कटाई शुरू होती है
* इस दिन नया काम करना शुभ मानकर नए धान के व्यंजन बनाए जाते हैं
* मलयाली न्यू ईयर विशु वैशाख की 13-14 अप्रैल से ही शुरू होता है
* तमिल लोग 13 अप्रैल से नया साल ‘पुथांदू’ मनाते हैं
* असम में लोग 13 अप्रैल को नया वर्ष बिहू मनाते हैं
* केरल में इस दिन धान की बुबाई शुरू होती है इस दिन हल और बैलों को रंगोली से सजाया जाता है
* पंजाब में बैसाखी की रात में लोग आग जलाकर लोग उसके चारों तरफ एकत्र होते हैं और नए अन्न को अग्नि को समर्पित किया जाता है और पंजाब का परंपरागत नृत्य गिद्दा और भांगड़ा किया जाता है
* आनंदपुर साहिब में, (जहां खालसा पंथ की नींव रखी गई थी) विशेष अरदास और पूजा होती है, पंच प्यारे 'पंचबानी' गायन करते हैं
* गुरुद्वारों में गुरु ग्रंथ साहब को समारोह पूर्वक बाहर लाकर दूध और जल से प्रतीकात्मक रूप में स्नान कराकर गुरु ग्रंथ साहिब को तख्त पर विराजमान किया जाता है
* अरदास के बाद गुरु जी को कड़ा प्रसाद का भोग लगाया जाता है
* प्रसाद भोग लगने के बाद सब भक्त 'गुरु जी के लंगर' में भोजन करते हैं
* इस प्रकार स्पष्ट है कि बैसाखी का पर्व पूरे देश में विभिन्न रंगों और मान्यताओं के साथ मनाया जाता है

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